हेमंत का शासन मॉडल : जल, जंगल, जमीन की राजनीति अब झारखंड के सुशासन की कसौटी है

अक्षपाद् गौतम झारखंड का निर्माण केवल एक नए राज्य के गठन की प्रशासनिक घटना नहीं था, उसके पीछे लगभग एक सदी का संघर्ष था। यह

जंगल में बिखरी दवाइयाँ : क्या गरीबों की जिंदगी और जनता के टैक्स के पैसे की कोई कीमत नहीं?

अशोक कुमार झा झारखंड के लातेहार जिले के मनिका क्षेत्र से सामने आई एक तस्वीर ने न केवल राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न

जल-जंगल-जमीन : हमारे अस्तित्व की अंतिम लड़ाई

शम्भू शरण सत्यार्थी मनुष्य ने जब पहली बार धरती का सीना चीरकर खेती शुरू की, जब उसने बीज बोकर जीवन को सम्भालना सीखा. उसने पेड़ों

रहस्य रोमांच/ इस जंगल में पायी जाती है रहस्यमयी जड़ी-बूटियां, रहती हैं आदमखोर जनजातियां 

गौतम चौधरी  हमारी पृथ्वी अनेक विविधताओं और विचित्रताओं से भरी है। हम यह माने या न माने कि इस संसार को किसी परम शक्ति ने

बाघ परियोजना के पांच दशक, कई जगह एक भी नहीं बचे वनराज

डॉ. रमेश ठाकुर हिंदुस्तान में बाघ परियोजना मुहिम ने अपने 50 साल पूरे कर लिए हैं। पूरे देश में कुल 53 टाइगर रिजर्व क्षेत्र हैं,

हिन्दी के कालजयी रचनाकार ‘रेणु’ पर वेब संगोष्ठी का आयोजन

गौतम चौधरी  इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय कला केंद्र, रांची द्वारा आजादी की 75 वीं वर्षगांठ को समर्पित ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ के तहत हिंदी के सुप्रसिद्ध

जंगलों को बचाना है तो वनवासियों को सौंपिए सुरक्षा की जिम्मेबारी

सरहुल पर विशेष गौतम चैधरी भारत में आदिवासियों की संख्या लगभग 10 करोड़ के आसपास है। अधिकतर आदिवासी आज भी जंगलों में रहते हैं लेकिन

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