योगी के राजनीतिक गढ़ में अपनी सियासी जमीन तलाशती ममता

प्रभुनाथ शुक्ल देश का आम चुनाव जहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए जनविश्वास की चुनौती का बड़ा सवाल है, वहीं दूसरी तरफ विखरे विपक्ष की

भारतीय उपमहाद्वीप में आतंकवाद के नए मॉड्यूल पर विमर्श करती पुस्तक, ‘‘PFI : इस्लाम के नाम पर आतंक का धंघा’’ 

रजनी राणा  पुस्तक का नाम – PEI : इस्लाम के नाम पर आतंक का धंधा।   लेखक – गौतम चौधरी, रांची।   प्रकाशक – आकृति प्रकाशन, एफ-29, सादतपुर एक्सटेंशन,

उदासीन जनता, बेचैन भाजपा, यदि ऐसा ही रहा तो मोदी के परिवार का क्या होगा?

गौतम चौधरी  विगत कुछ दिनों से संसदीय आम चुनाव 2024 का आकलन कर रहा हूं। वैसे 2014 और 2019 का भी आम चुनाव तसल्ली से

कानून और आपसी भाईचारे की शर्तों पर इस्लामिक धार्मिक कर्मकांडों का प्रदर्शन नाजायज

डॉ. अनुभा खान इस्लाम अपने अनुयायियों को दिन में पांच बार प्रार्थना करने के लिए प्रोत्साहित करता हैै। नमाज, इस्लाम के पांच अनिवार्य कर्मकांडों में

उत्तराखंड की इस महिला को आप शायद नहीं जानते होंगे, इसने तीन देशों में बनवाए 500 से अधिक धर्मशालाएं

गौतम चौधरी आज से लगभग दो सदी पहले की बात है। उन दिनों पहाड़ में किसी प्रकार का कोई राजनीतिक प्रतिबंध नहीं लगा था। न

फिल्म जगत/ मैं झारखंड का नाम रौशन करना चाहती हूं : अभिनेत्री रुचि काजल

काली दास पाण्डेय हर किसी की चाहत होती है कि उसे नेम एंड फेम मिले परंतु ये हसरत पूरी हो जाय, ऐसा कम ही होता

अक्षय कुमार की तरह एक्शन फिल्म में काम करना चाहती है दीक्षा शर्मा

काली दास पाण्डेय दीक्षा शर्मा अभिनेत्री और मॉडल हैं। इन्होंने कई हिंदी और हरयाणवी म्यूजिक वीडियो में काम किया है। टेलीविजन शो, वेबसीरिज और विज्ञापन

ईद और रमजान का संदेश : धार्मिक कर्मकांडों का पालन मानवता की  अनुभूति का महत्वपूर्ण हिस्सा है

कलीमुल्ला खान  अभी हाल ही में रमजान का महीना बीता। ईमान वालों के लिए इस महीने की क्या अहमियत है, यह किसी से छुपी नहीं

यदि इस्लाम समानता की बात करता है तो मुस्लिम प्रश्नल लॉ बोर्ड पसमंदा मुसलमानों के प्रति उदासीनता क्यों?

डॉ. हसन जमालपुरी बात छोटी है लेकिन बात बड़ी भी है। इस्लाम हमें समानता का अधिकार देता है लेकिन भारत में कुछ ऐसी मुस्लिम ऑटोनोमश

1 70 71 72 73 74 134
Translate »