गजेन्द्र सिंह जब भी भारत में कश्मीर की चर्चा होती है, बहस प्रायः सीमा पार आतंकवाद, सुरक्षा, बहुसंख्यक कश्मीरी मुसलमानों के अधिकारों और अंतरराष्ट्रीय राजनीति
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ग्लैमर और अभिनय के बीच संतुलन साधती संदीपा धर
सुभाष शिरढोनकर अभिनेत्री संदीपा धर इन दिनों संजय लीला भंसाली प्रस्तुत तथा रवि उदयवार निर्देशित फिल्म ’’दो दीवाने शहर में (2026)’’ को लेकर चर्चा में
रामानुजाचार्य : विशिष्टाद्वैत के आचार्य और सामाजिक समरसता के अग्रदूत
#वृतांतों की #यात्रा : #संन्यास बड़ा या #गृहस्थ? अक्षपाद् गौतम भारतीय दार्शनिक परंपरा में आदि शंकराचार्य, रामानुजाचार्य और मध्वाचार्य को वेदांत के तीन प्रमुख स्तंभ
समाचार विश्लेषण/ शेख हसीना की स्वदेश वापसी और भारतीय कूटनीति पर असर
गौतम चौधरी लगभग दो वर्षों से निर्वासन का जीवन जी रहीं बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने यह घोषणा कर राजनीतिक हलकों में नई
EPFO के नए नियम : आठ करोड़ कामगारों का भविष्य खतरे में
ज्ञान चंद पाटनी कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) से जुड़े हालिया बदलावों से निजी क्षेत्र के आठ करोड़ कर्मचारियों को झटका लगा है। नई व्यवस्था
हेमंत सरकार का दूसरा कार्यकाल : उम्मीदों की राजनीति से परिणाम तक
अक्षपाद् गौतम झारखंड की राजनीति में हेमंत सोरेन का दूसरा कार्यकाल केवल सत्ता की वापसी नहीं है; यह जनादेश का दूसरा अवसर भी है। जनता
₹5,700 करोड़ का समझौता : क्या NMC प्रकरण केवल बैंकिंग संकट है या फिर कुछ और?
गौतम चौधरी भारत में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक केवल वित्तीय संस्थान नहीं हैं; वे करोड़ों नागरिकों की बचत, सरकार की आर्थिक नीतियों और देश की
बिहार के विश्वविद्यालयों में सहायक प्राध्यापक नियुक्ति प्रस्तावित नई नियमावली से अभ्यर्थी चिंतित
पुष्पांशु पांडेय बिहार के विश्वविद्यालयों में सहायक प्राध्यापक नियुक्ति हेतु प्रस्तावित नई नियमावली से अभ्यर्थीगण चिंतित हैं। इसी के दृष्टिगत बिहार के विभिन्न विश्वविद्यालय के
व्यापारियों के भरोसे सरकारी शिक्षा : व्यवस्था की रीढ़ या नीतिगत लाचारी?
सरदूल सिंह राजस्थान के सरकारी स्कूलों में बुनियादी और भौतिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए शिक्षा विभाग लंबे समय से दानदाताओं के सहयोग पर निर्भर
बुलडोजर का कानून : क्या इस प्रकार का न्याय किसी लोकतंत्र का आदर्श हो सकता है?
गौतम चौधरी लोकतंत्र की असली परीक्षा संसद में नहीं, सड़क पर होती है; अदालतों में नहीं, बल्कि उस क्षण होती है जब राज्य अपने सबसे
